राजनीति
ट्रंप का दावा: वैश्विक तेल बाजार की स्थिरता के लिए होर्मुज जलडमरूमध्य में अमेरिका ने चलाया 'गुप्त सैन्य अभियान'
ICN24 Newsroom 12 जून 2026, 03:31 pm

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने खुलासा किया है कि वैश्विक तेल आपूर्ति को सुरक्षित रखने के लिए अमेरिका पिछले कई हफ्तों से होर्मुज क्षेत्र में गुप्त सैन्य मिशन संचालित कर रहा था।
वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बड़ा खुलासा करते हुए दावा किया है कि संयुक्त राज्य अमेरिका पिछले कई हफ्तों से होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) और उसके आसपास के क्षेत्रों में गुप्त सैन्य अभियान चला रहा है। ट्रंप के अनुसार, इन गुप्त मिशनों का मुख्य उद्देश्य वैश्विक तेल बाजार में स्थिरता बनाए रखना और ऊर्जा आपूर्ति श्रृंखला में किसी भी तरह के व्यवधान को रोकना था। राष्ट्रपति ने संकेत दिया कि इन सैन्य गतिविधियों के कारण ही हाल के दिनों में तेल की कीमतों में भारी उछाल नहीं देखा गया, जो अन्यथा मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच संभव था।
होर्मुज जलडमरूमध्य को दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण तेल गलियारा माना जाता है, जहाँ से वैश्विक तेल खपत का लगभग पांचवां हिस्सा गुजरता है। ट्रंप ने जोर देकर कहा कि यदि अमेरिका हस्तक्षेप नहीं करता, तो वैश्विक अर्थव्यवस्था को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता था। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इन ऑपरेशनों को गुप्त इसलिए रखा गया ताकि मिशन की प्रभावशीलता बनी रहे और क्षेत्रीय विरोधियों को जवाबी कार्रवाई का मौका न मिले। हालांकि, व्हाइट हाउस या रक्षा मंत्रालय ने अभी तक इन ऑपरेशनों की विशिष्ट प्रकृति या शामिल सैन्य इकाइयों के बारे में कोई विस्तृत विवरण साझा नहीं किया है।
भारतीय-ऑस्ट्रेलियाई समुदाय और वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए इसके गहरे निहितार्थ हैं। ऑस्ट्रेलिया, जो अपनी ऊर्जा सुरक्षा के लिए अंतरराष्ट्रीय बाजारों और स्थिर कीमतों पर निर्भर है, इस क्षेत्र में किसी भी अस्थिरता से सीधे प्रभावित होता है। सिडनी और मेलबर्न जैसे प्रमुख शहरों में रहने वाले भारतीय प्रवासियों के लिए, तेल की कीमतों में वृद्धि का सीधा असर परिवहन लागत और दैनिक उपभोग की वस्तुओं की कीमतों पर पड़ता है। भारत भी अपनी कच्चे तेल की जरूरतों का एक बड़ा हिस्सा इसी मार्ग से आयात करता है, जिससे क्षेत्र की सुरक्षा नई दिल्ली के लिए भी रणनीतिक प्राथमिकता बनी हुई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रंप का यह बयान ईरान और अन्य क्षेत्रीय शक्तियों को एक कड़ा संदेश देने की कोशिश है। अमेरिका लंबे समय से इस क्षेत्र में अपनी नौसैनिक उपस्थिति बनाए हुए है, लेकिन 'गुप्त अभियान' शब्द का प्रयोग एक नई आक्रामक रणनीति की ओर इशारा करता है। इस खुलासे के बाद अंतरराष्ट्रीय कूटनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है, क्योंकि गुप्त सैन्य अभियानों से क्षेत्रीय तनाव और बढ़ने की आशंका रहती है।
निष्कर्ष के तौर पर, ट्रंप का दावा वैश्विक ऊर्जा राजनीति में अमेरिका की सक्रिय भूमिका को रेखांकित करता है। ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों के लिए, जो क्वाड और अन्य रक्षा समझौतों के माध्यम से अमेरिका के साथ घनिष्ठ संबंध रखते हैं, यह घटनाक्रम हिंद-प्रशांत क्षेत्र और मध्य पूर्व की समुद्री सुरक्षा के बीच के अंतर्संबंधों को और स्पष्ट करता है। आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि वैश्विक तेल बाजार और अन्य प्रमुख शक्तियां इस खुलासे पर क्या प्रतिक्रिया देती हैं।
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