टेक्नोलॉजी
क्या और महंगे होंगे आईफोन और मैकबुक? टिम कुक ने बताया क्यों कीमतों में बढ़ोतरी अब 'अनिवार्य' है
ICN24 Newsroom 20 जून 2026, 05:57 pm

एप्पल के सीईओ टिम कुक ने संकेत दिया है कि मेमोरी और स्टोरेज चिप्स की बढ़ती लागत के कारण आईफोन और मैकबुक की कीमतों में बढ़ोतरी हो सकती है।
दुनिया की दिग्गज टेक्नोलॉजी कंपनी एप्पल (Apple) के प्रशंसकों के लिए आने वाला समय जेब पर भारी पड़ सकता है। एप्पल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) टिम कुक ने हाल ही में संकेत दिया है कि कंपनी अपने लोकप्रिय उत्पादों, विशेष रूप से आईफोन और मैकबुक की कीमतों में बढ़ोतरी करने पर विचार कर रही है। कुक के अनुसार, इस संभावित मूल्य वृद्धि का मुख्य कारण मेमोरी और स्टोरेज चिप्स की आपूर्ति श्रृंखला में बढ़ती लागत है। हालांकि, कंपनी ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि ये नई दरें कब से लागू होंगी या कौन से विशिष्ट मॉडल इसकी जद में आएंगे।
टिम कुक का यह बयान ऐसे समय में आया है जब वैश्विक तकनीकी बाजार पहले से ही अस्थिरता का सामना कर रहा है। एप्पल जैसी कंपनियों के लिए लाभ मार्जिन (profit margins) को बनाए रखना एक चुनौती बनता जा रहा है क्योंकि कच्चे माल और घटकों (components) की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं। विशेष रूप से रैम (RAM) और एसएसडी (SSD) स्टोरेज के निर्माण में इस्तेमाल होने वाले चिप्स महंगे हो गए हैं। कुक ने स्पष्ट किया कि इन बढ़ी हुई लागतों को संतुलित करने के लिए उत्पाद की कीमतों में वृद्धि एक आवश्यक कदम हो सकता है।
ऑस्ट्रेलिया में रहने वाले भारतीय समुदाय के लिए यह खबर विशेष रूप से महत्वपूर्ण है। ऑस्ट्रेलिया में आईफोन और अन्य एप्पल उत्पादों की कीमतें पहले से ही दुनिया के कई अन्य देशों की तुलना में अधिक हैं। मुद्रा विनिमय दरों और स्थानीय करों के कारण ऑस्ट्रेलियाई बाजार में प्रीमियम तकनीक काफी महंगी पड़ती है। भारतीय-ऑस्ट्रेलियाई प्रवासियों के बीच एप्पल के उत्पादों की भारी मांग रहती है, चाहे वह व्यक्तिगत उपयोग के लिए हो या भारत में अपने परिजनों को उपहार के रूप में भेजने के लिए। कीमतों में किसी भी तरह की बढ़ोतरी उनके बजट को प्रभावित कर सकती है।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि एप्पल शायद अपने आगामी आईफोन 16 सीरीज या अगली पीढ़ी के मैकबुक प्रो मॉडल के साथ इन नई कीमतों को लागू करे। एप्पल ऐतिहासिक रूप से अपने उत्पादों की प्रीमियम छवि बनाए रखने के लिए कीमतों में कटौती से बचता रहा है। टिम कुक का यह खुला बयान उपभोक्ताओं को मानसिक रूप से तैयार करने की एक रणनीति भी हो सकती है। यदि आप आने वाले महीनों में नया एप्पल डिवाइस खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो वर्तमान कीमतों का लाभ उठाना एक समझदारी भरा निर्णय हो सकता है।
कुल मिलाकर, एप्पल के इस कदम का असर न केवल नए खरीदारों पर पड़ेगा, बल्कि पुरानी पीढ़ी के मॉडलों की रीसेल वैल्यू पर भी इसका प्रभाव दिख सकता है। तकनीकी जगत की इस बड़ी हलचल पर ICN24 की पैनी नजर बनी रहेगी, ताकि हम आपको तकनीकी दुनिया के हर छोटे-बड़े बदलाव से अपडेट रख सकें।
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