राजनीति
विपक्ष पर बरसीं कंगना रनौत: संसद के माहौल को खराब करने और कार्यवाही बाधित करने का लगाया आरोप
ICN24 Newsroom 13 अग॰ 2026, 10:37 pm

भाजपा सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत ने विपक्षी दलों पर तीखा हमला करते हुए कहा कि वे संसद की गरिमा को ठेस पहुँचा रहे हैं और महत्वपूर्ण चर्चाओं में बाधा डाल रहे हैं।
नई दिल्ली: हिमाचल प्रदेश के मंडी से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की सांसद और प्रसिद्ध अभिनेत्री कंगना रनौत ने गुरुवार को संसद परिसर में मीडिया से बातचीत के दौरान विपक्षी दलों पर कड़ा प्रहार किया। कंगना ने आरोप लगाया कि विपक्षी सांसदों के लगातार हंगामे और शोर-शराबे के कारण संसद का माहौल पूरी तरह से खराब हो गया है। उन्होंने कहा कि सदन की मर्यादा को बनाए रखना सभी सदस्यों की जिम्मेदारी है, लेकिन विपक्ष केवल विरोध की राजनीति में उलझा हुआ है।
संसद के वर्तमान सत्र के दौरान विभिन्न मुद्दों पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिल रही है। इसी पृष्ठभूमि में अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कंगना रनौत ने कहा कि जिस तरह से विपक्षी नेता सदन की कार्यवाही के दौरान आचरण कर रहे हैं, वह न केवल अलोकतांत्रिक है बल्कि जनता के समय और संसाधनों की बर्बादी भी है। उन्होंने मीडिया से कहा, "इन्होंने पूरी तरह से संसद का माहौल खराब करके रखा है। सदन में चर्चा और बहस होनी चाहिए, लेकिन यहाँ केवल हंगामा हो रहा है।"
कंगना ने इस बात पर जोर दिया कि एक सांसद के रूप में उनकी प्राथमिकता अपने क्षेत्र की समस्याओं को उठाना और देश के विकास में योगदान देना है। हालांकि, विपक्ष की बाधाओं के कारण कई महत्वपूर्ण विधायी कार्य और जनहित के मुद्दे ठंडे बस्ते में चले जाते हैं। उन्होंने विपक्षी दलों को आत्ममंथन करने की सलाह देते हुए कहा कि लोकतंत्र में विरोध का अपना स्थान है, लेकिन यह सदन की गरिमा की कीमत पर नहीं होना चाहिए।
ऑस्ट्रेलिया में रहने वाले प्रवासी भारतीय समुदाय के लिए भारत की संसदीय कार्यवाही हमेशा से गहरी रुचि का विषय रही है। सिडनी और मेलबर्न जैसे शहरों में बसे भारतीय-ऑस्ट्रेलियाई समुदाय के लोग अक्सर भारत की राजनीतिक स्थिरता और विकास नीतियों पर नजर रखते हैं। कंगना रनौत जैसी चर्चित हस्ती का राजनीति में आना और संसद के भीतर इस तरह की मुखर राय रखना प्रवासी भारतीयों के बीच भी चर्चा का विषय बना हुआ है। कई विशेषज्ञ मानते हैं कि संसद में होने वाले हंगामे से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की विधायी प्रक्रिया की छवि प्रभावित होती है, जो विदेशी निवेश और व्यापारिक संबंधों के लिए महत्वपूर्ण है।
भाजपा सांसद ने यह भी संकेत दिया कि वह आने वाले दिनों में संसद में अपने क्षेत्र मंडी से जुड़े मुद्दों को और अधिक प्रभावी ढंग से उठाएंगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार जनकल्याण के लिए प्रतिबद्ध है, जबकि विपक्ष के पास कोई ठोस विजन नहीं है और वे केवल सुर्खियां बटोरने के लिए सदन में व्यवधान पैदा कर रहे हैं। कंगना का यह बयान सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है, जहाँ उनके समर्थक और आलोचक अपनी-अपनी राय साझा कर रहे हैं।
संबंधित ख़बरें
राजनीति
क्या प्रेम सत्य है? ओशो के विचारों में प्रेम का असली अर्थ और दर्शन का विश्लेषण
ओशो के दर्शन के अनुसार, प्रेम केवल एक भावना नहीं बल्कि सत्य तक पहुँचने का एक द्वार है। जानिए उनके क्रांतिकारी विचारों में प्रेम की क्या परिभाषा है।
13 अग॰ 2026, 10:40 pm

राजनीति
हंगामे के बीच संसद का मानसून सत्र संपन्न: लोकसभा में 12 विधेयक पारित, रिजिजू ने पेश किया कामकाज का लेखा-जोखा
संसद का मानसून सत्र गुरुवार को अनिश्चित काल के लिए स्थगित हो गया। हंगामे के बावजूद लोकसभा में 12 महत्वपूर्ण विधेयक पारित किए गए, जबकि उत्पादकता पर विपक्ष के विरोध का असर दिखा।
13 अग॰ 2026, 09:39 pm

राजनीति
पाकिस्तान के पूर्व मंत्री शेख रशीद ने भारत के खिलाफ उगला जहर, हाफिज सईद का किया जिक्र; वीडियो वायरल
पाकिस्तान के पूर्व गृह मंत्री शेख रशीद का एक भड़काऊ वीडियो सामने आया है, जिसमें उन्होंने भारत के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करते हुए आतंकी हाफिज सईद का नाम लिया है।
13 अग॰ 2026, 09:37 pm
