राजनीति
जंतर-मंतर विरोध प्रदर्शन: कॉकरोच जनता पार्टी ने जारी की एडवाइजरी, समर्थकों को दी सनस्क्रीन और सुरक्षा की सलाह
ICN24 Newsroom 6 जून 2026, 01:00 am

6 जून को जंतर-मंतर पर होने वाले विरोध प्रदर्शन से पहले कॉकरोच जनता पार्टी ने कार्यकर्ताओं के लिए सुरक्षा निर्देश जारी किए हैं।
नई दिल्ली: आगामी 6 जून, 2026 को जंतर-मंतर पर प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने अपने कार्यकर्ताओं और समर्थकों के लिए एक आधिकारिक 'क्या करें और क्या न करें' (Do’s and Don’ts) सूची जारी की है। इस सुरक्षा मार्गदर्शिका का मुख्य उद्देश्य भीषण गर्मी के बीच प्रदर्शनकारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और किसी भी अप्रिय घटना से बचाव करना है।
पार्टी द्वारा जारी दिशानिर्देशों में सबसे प्रमुख सलाह स्वास्थ्य से संबंधित है। जून के महीने में दिल्ली की चिलचिलाती गर्मी को देखते हुए, पार्टी ने अपने समर्थकों से सनस्क्रीन लगाने और पर्याप्त मात्रा में पानी साथ रखने का आग्रह किया है। इसके अलावा, कार्यकर्ताओं को सलाह दी गई है कि वे अकेले आने के बजाय समूहों में आएं, ताकि सुरक्षा की दृष्टि से किसी भी आपात स्थिति में एक-दूसरे की मदद की जा सके।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह की एडवाइजरी का उद्देश्य न केवल भीड़ को व्यवस्थित करना है, बल्कि यह भी दिखाना है कि पार्टी अपने कार्यकर्ताओं के कल्याण के प्रति सजग है। जंतर-मंतर पर होने वाले इस प्रदर्शन के लिए व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए जा रहे हैं। पार्टी नेतृत्व ने स्पष्ट किया है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान अनुशासन बनाए रखना सर्वोपरि है।
भारतीय-ऑस्ट्रेलियाई समुदाय के लिए भी यह घटनाक्रम महत्वपूर्ण है, क्योंकि प्रवासी भारतीय (एनआरआई) समुदाय अक्सर भारत की राजनीतिक गतिविधियों पर पैनी नजर रखता है। ऑस्ट्रेलिया में रहने वाले कई भारतीय मूल के लोग सोशल मीडिया के माध्यम से इन गतिविधियों से जुड़े रहते हैं। वहां के नागरिकों के लिए यह समझना दिलचस्प है कि भारतीय राजनीति में जमीनी स्तर पर लामबंदी और सुरक्षा प्रोटोकॉल किस तरह विकसित हो रहे हैं। विशेषकर सिडनी और मेलबर्न जैसे शहरों में, जहां अक्सर भारतीय मुद्दों पर छोटे-बड़े प्रदर्शन होते हैं, वहां की सुरक्षा गाइडलाइन्स और भारत की इन एडवाइजरीज की तुलना की जाती है।
सीजेपी की इस गाइडलाइन में मोबाइल फोन को चार्ज रखने, पहचान पत्र साथ लाने और स्थानीय पुलिस के साथ सहयोग करने के निर्देश भी शामिल हैं। पार्टी ने जोर देकर कहा है कि गर्मी की लहर (हीट वेव) के दौरान खुद को सुरक्षित रखना ही सबसे बड़ी प्राथमिकता होनी चाहिए। अब देखना यह है कि 6 जून को होने वाले इस प्रदर्शन में कार्यकर्ताओं की कितनी भागीदारी रहती है और वे इन नियमों का कितना पालन करते हैं।
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