लाइव
राजनीति
राजनीति

'इतिहास मनमोहन सिंह को सम्मान से याद करेगा': सोनिया गांधी ने पूर्व प्रधानमंत्री की ईमानदारी और विरासत की सराहना की

ICN24 Newsroom 11 अग॰ 2026, 02:37 pm
'इतिहास मनमोहन सिंह को सम्मान से याद करेगा': सोनिया गांधी ने पूर्व प्रधानमंत्री की ईमानदारी और विरासत की सराहना की

सोनिया गांधी ने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की ईमानदारी और दूरदर्शिता की प्रशंसा की है, साथ ही उनके कार्यकाल की तुलना वर्तमान भाजपा सरकार से करते हुए तीखे सवाल भी उठाए हैं।

कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी ने पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के नेतृत्व और उनकी बेदाग ईमानदारी की जमकर सराहना की है। एक प्रमुख अंग्रेजी दैनिक में लिखे अपने लेख में, सोनिया गांधी ने मनमोहन सिंह को भारत के अब तक के सबसे प्रभावशाली प्रधानमंत्रियों में से एक बताया। यह लेख ऐसे समय में आया है जब हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने कोयला ब्लॉक आवंटन मामले में पूर्व प्रधानमंत्री को बड़ी राहत देते हुए उन्हें क्लीन चिट दी है। सोनिया गांधी ने तर्क दिया कि डॉ. सिंह का सार्वजनिक जीवन और शासन का रिकॉर्ड पारदर्शिता का प्रतीक था, जो उनके अनुसार वर्तमान भाजपा सरकार की कार्यशैली से बिल्कुल अलग है। सोनिया गांधी ने लिखा कि मनमोहन सिंह ने अपनी विद्वता और शालीनता के साथ देश का नेतृत्व किया, लेकिन उनके ऊपर लगाए गए भ्रष्टाचार के आरोपों को अब इतिहास के कूड़ेदान में डाल दिया गया है। उन्होंने कहा कि डॉ. सिंह ने कभी भी अपनी उपलब्धियों का ढिंढोरा नहीं पीटा, बल्कि वे मौन रहकर ठोस निर्णय लेने में विश्वास रखते थे। सोनिया गांधी के अनुसार, 2004 से 2014 के बीच के दशक में भारत ने न केवल आर्थिक प्रगति की, बल्कि करोड़ों लोगों को गरीबी से बाहर निकाला। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि डॉ. सिंह का व्यक्तित्व और उनकी ईमानदारी का रिकॉर्ड आज की सत्ताधारी पार्टी के लिए एक चुनौती की तरह है, जो अक्सर विरोधियों की छवि धूमिल करने की राजनीति करती है। ऑस्ट्रेलिया में रह रहे भारतीय समुदाय के लिए डॉ. मनमोहन सिंह का कार्यकाल विशेष महत्व रखता है। यह उन्हीं के नेतृत्व वाली यूपीए सरकार थी जिसने 1991 के आर्थिक सुधारों की नींव रखी थी, जिसके कारण आज भारत एक वैश्विक आर्थिक शक्ति के रूप में खड़ा है और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों के साथ भारत के द्विपक्षीय संबंध मजबूत हुए हैं। सोनिया गांधी ने अपने लेख में 2008 के ऐतिहासिक नागरिक परमाणु समझौते का भी जिक्र किया, जिसने भारत की विदेश नीति की दिशा बदल दी थी। उन्होंने कहा कि डॉ. सिंह ने हमेशा राष्ट्रीय हित को दलीय राजनीति से ऊपर रखा। लेख में वर्तमान केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए सोनिया गांधी ने कहा कि डॉ. सिंह की 'सात्विक राजनीति' और 'नैतिक साहस' की कमी आज के राजनीतिक माहौल में खलती है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने पिछले दस वर्षों में केवल नकारात्मक विमर्श गढ़ने का काम किया है, जबकि मनमोहन सिंह ने प्रतिकूल परिस्थितियों में भी गरिमा बनाए रखी। सोनिया ने अंत में विश्वास जताया कि भविष्य की पीढ़ियां और इतिहासकार मनमोहन सिंह को एक ऐसे राजनेता के रूप में याद करेंगे जिन्होंने भारत की आत्मा और उसकी अर्थव्यवस्था को मजबूत किया। यह लेख न केवल एक राजनीतिक बचाव है, बल्कि एक सहयोगी के प्रति गहरा सम्मान भी प्रकट करता है, जिसने भारतीय राजनीति में एक मानक स्थापित किया।
शेयर:

संबंधित ख़बरें

मोबाइल टॉर्च की रोशनी में इलाज: तेलंगाना के अस्पताल में बिजली गुल, स्वास्थ्य मंत्री ने जताई कड़ी नाराजगी
राजनीति

मोबाइल टॉर्च की रोशनी में इलाज: तेलंगाना के अस्पताल में बिजली गुल, स्वास्थ्य मंत्री ने जताई कड़ी नाराजगी

पाटनचेरू के सरकारी अस्पताल में बिजली कटने के बाद डॉक्टरों को मोबाइल फोन की टॉर्च जलाकर मरीजों का इलाज और सर्जरी करनी पड़ी, जिस पर स्वास्थ्य मंत्री ने सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

11 अग॰ 2026, 01:37 pm
तेलंगाना में ‘हर घर तिरंगा’ अभियान की धूम: भाजपा नेताओं और जनप्रतिनिधियों ने फहराया राष्ट्रीय ध्वज
राजनीति

तेलंगाना में ‘हर घर तिरंगा’ अभियान की धूम: भाजपा नेताओं और जनप्रतिनिधियों ने फहराया राष्ट्रीय ध्वज

प्रधान मंत्री मोदी के आह्वान पर तेलंगाना में 'हर घर तिरंगा' अभियान ने जोर पकड़ा है। वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में भाजपा नेताओं ने ध्वजारोहण किया।

11 अग॰ 2026, 12:37 pm
CINTAA संकट: 11 सदस्यों का सामूहिक इस्तीफा, पद्मिनी कोल्हापुरे और पूनम ढिल्लों पर लगे गंभीर आरोप
राजनीति

CINTAA संकट: 11 सदस्यों का सामूहिक इस्तीफा, पद्मिनी कोल्हापुरे और पूनम ढिल्लों पर लगे गंभीर आरोप

सिने एंड टीवी आर्टिस्ट्स एसोसिएशन (CINTAA) में आंतरिक कलह बढ़ गई है। 11 सदस्यों के इस्तीफे और दिग्गज अभिनेत्रियों पर लगे आरोपों ने फिल्म जगत को चौंका दिया है।

11 अग॰ 2026, 11:37 am