राजनीति
ECI ने मध्य प्रदेश, गुजरात और बिहार में तीन विधानसभा सीटों पर उपचुनाव के लिए अधिसूचना जारी की; नामांकन प्रक्रिया शुरू
ICN24 Newsroom 8 जुल॰ 2026, 12:31 am

भारत निर्वाचन आयोग ने मध्य प्रदेश के दतिया, गुजरात के मंज़लपुर और बिहार के बांकीपुर विधानसभा क्षेत्रों में उपचुनाव के लिए आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी है।
भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने देश के तीन प्रमुख राज्यों—मध्य प्रदेश, गुजरात और बिहार—की तीन रिक्त विधानसभा सीटों पर उपचुनाव के लिए विस्तृत कार्यक्रम की घोषणा करते हुए आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी है। इस अधिसूचना के साथ ही संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों में नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया औपचारिक रूप से शुरू हो गई है। यह चुनाव मध्य प्रदेश की दतिया सीट, गुजरात की मंज़लपुर सीट और बिहार की बांकीपुर सीट पर आयोजित किए जाएंगे। इन निर्वाचन क्षेत्रों में मतदान की तारीख 6 जुलाई निर्धारित की गई है।
निर्वाचन आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, नामांकन पत्र दाखिल करने की अंतिम तिथि अधिसूचना के एक सप्ताह के भीतर होगी, जिसके बाद प्राप्त नामांकन पत्रों की स्क्रूटनी या जांच की जाएगी। उम्मीदवार एक निश्चित समय सीमा के भीतर अपना नाम वापस ले सकेंगे। मतदान की प्रक्रिया पूरी होने के बाद मतगणना की जाएगी और उसी दिन परिणामों की घोषणा होने की संभावना है। इन उपचुनावों को लेकर संबंधित जिलों के प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कड़े निर्देश जारी किए गए हैं।
राजनीतिक रूप से ये तीनों सीटें काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही हैं। मध्य प्रदेश की दतिया सीट राज्य की राजनीति का एक अहम केंद्र रही है, वहीं बिहार की बांकीपुर सीट राजधानी पटना का हिस्सा होने के कारण हमेशा चर्चा में रहती है। गुजरात की मंज़लपुर सीट पर भी सभी की निगाहें टिकी हैं क्योंकि यह राज्य में सत्ताधारी दल और विपक्ष के बीच शक्ति प्रदर्शन का मैदान बन सकती है। इन उपचुनावों के परिणाम राज्य सरकारों के मौजूदा समीकरणों पर व्यापक प्रभाव डाल सकते हैं, विशेषकर मध्य प्रदेश और बिहार जैसे राज्यों में जहां राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता काफी गहरी है।
ऑस्ट्रेलिया में रह रहे भारतीय समुदाय, विशेषकर वे लोग जो इन तीन राज्यों से ताल्लुक रखते हैं, इस चुनावी घटनाक्रम पर पैनी नजर बनाए हुए हैं। प्रवासी भारतीयों (NRIs) के लिए अपने गृह राज्यों में होने वाले चुनाव न केवल भावनात्मक जुड़ाव का विषय होते हैं, बल्कि वे राज्य की विकास नीतियों और भविष्य की दिशा को भी प्रभावित करते हैं। मेलबर्न, सिडनी और ब्रिसबेन जैसे शहरों में रहने वाले भारतीय-ऑस्ट्रेलियाई अक्सर सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से इन चुनावों में सक्रिय भागीदारी और चर्चा करते देखे जाते हैं।
निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया है कि इन क्षेत्रों में आदर्श चुनाव आचार संहिता (Model Code of Conduct) तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है। इसका अर्थ है कि सरकार कोई भी ऐसी नई योजना या घोषणा नहीं कर सकेगी जो मतदाताओं को प्रभावित कर सकती हो। आयोग ने निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव सुनिश्चित करने के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की भी योजना बनाई है। सभी मतदान केंद्रों पर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) और वीवीपीएटी (VVPAT) का उपयोग किया जाएगा ताकि चुनावी प्रक्रिया की विश्वसनीयता बनी रहे।
संबंधित ख़बरें
राजनीति
५० पन्नों के बाद किताब अधूरी छोड़ने का बढ़ता चलन: ग्लानि नहीं, अब यह है समझदारी
पढ़ने की आदतों में एक बड़ा बदलाव आ रहा है, जहाँ पाठक अब उबाऊ किताबों को पूरा करने के बजाय उन्हें बीच में छोड़ना बेहतर समझ रहे हैं।
8 जुल॰ 2026, 01:31 am

राजनीति
कौन हैं दीपाणिता मुखर्जी? श्यामा प्रसाद मुखर्जी की पोती के बयान ने बंगाल की राजनीति में मचाया तहलका
डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की पोती दीपाणिता मुखर्जी ने ममता सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि दशकों से उनके दादा की विरासत को मिटाने की साजिश हो रही थी जिसे अब नया जीवन मिला है।
7 जुल॰ 2026, 11:31 pm

राजनीति
पालमपेट शिव मंदिर परिसर की एक और ऐतिहासिक संरचना को मिला राष्ट्रीय संरक्षण का दर्जा
मुलुगु जिले के पालमपेट में यूनेस्को विश्व धरोहर रामप्पा मंदिर के निकट स्थित एक अन्य ऐतिहासिक संरचना को अब राष्ट्रीय स्तर का संरक्षण प्रदान किया गया है।
7 जुल॰ 2026, 10:31 pm
