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आने वाले दशक में AI से सुरक्षित रहेंगे ये 10 पेशे: तकनीकी क्रांति के बीच मानवीय कौशल की बढ़ती मांग
ICN24 Newsroom 9 जून 2026, 10:31 pm

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते प्रभाव के बीच विशेषज्ञों ने उन 10 पेशों की पहचान की है जहां मानवीय संवेदना और निर्णय क्षमता की आवश्यकता AI से अधिक बनी रहेगी।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की बढ़ती रफ़्तार ने दुनिया भर के कामकाजी पेशेवरों के बीच अपनी नौकरियों की सुरक्षा को लेकर एक नई बहस छेड़ दी है। जबकि ऑटोमेशन और मशीन लर्निंग कई क्षेत्रों में इंसानों की जगह ले रहे हैं, विशेषज्ञों का मानना है कि अगले दशक में भी कुछ खास पेशे ऐसे हैं जिन्हें AI आसानी से प्रतिस्थापित नहीं कर पाएगा। ऑस्ट्रेलिया में रह रहे भारतीय समुदाय और प्रवासियों के लिए यह समझना महत्वपूर्ण है कि भविष्य के बाजार में किन कौशलों की मांग सबसे अधिक होगी।
विशेषज्ञों के अनुसार, मानसिक स्वास्थ्य पेशेवर (Mental Health Professionals) इस सूची में सबसे ऊपर हैं। जैसे-जैसे समाज अधिक जटिल होता जा रहा है, लोग अपनी भावनाओं और मानसिक संघर्षों को साझा करने के लिए एक वास्तविक इंसान की तलाश करते हैं। AI डेटा का विश्लेषण तो कर सकता है, लेकिन वह सहानुभूति, करुणा और उस मानवीय जुड़ाव की नकल नहीं कर सकता जो एक थेरेपिस्ट या काउंसलर प्रदान करता है। भारतीय-ऑस्ट्रेलियाई समुदाय में मानसिक स्वास्थ्य के प्रति बढ़ती जागरूकता के कारण इस क्षेत्र में प्रशिक्षित पेशेवरों की मांग लगातार बढ़ रही है।
इसके अलावा, 'स्किल्ड ट्रेड्स' यानी कुशल व्यापारिक पेशे जैसे प्लंबिंग, इलेक्ट्रिकल वर्क और निर्माण कार्य भी सुरक्षित श्रेणी में आते हैं। इन कार्यों के लिए उच्च स्तर की शारीरिक चपलता और अप्रत्याशित समस्याओं को हल करने की क्षमता की आवश्यकता होती है, जो वर्तमान में किसी भी रोबोटिक प्रणाली की क्षमता से बाहर है। ऑस्ट्रेलिया के बुनियादी ढांचे और निर्माण क्षेत्र में भारतीय प्रवासियों का बड़ा योगदान है, और यहाँ व्यावहारिक अनुभव की कीमत हमेशा बनी रहेगी।
शिक्षा और शिक्षण क्षेत्र में भी मानवीय उपस्थिति अनिवार्य मानी गई है। विशेष रूप से छोटे बच्चों की शिक्षा में केवल ज्ञान देना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनका सामाजिक और नैतिक विकास करना भी शिक्षक की जिम्मेदारी होती है। एक AI शिक्षक कभी भी उस प्रेरणा और व्यक्तिगत मार्गदर्शन का स्थान नहीं ले सकता जो एक शिक्षक अपने छात्र को देता है।
रणनीतिक नेतृत्व और जटिल निर्णय लेने वाली भूमिकाएं (Strategic Leadership) भी सुरक्षित मानी जा रही हैं। व्यापारिक जगत में अक्सर ऐसी स्थितियां पैदा होती हैं जहाँ डेटा से हटकर 'गट फीलिंग' या अंतर्ज्ञान और नैतिक मापदंडों के आधार पर फैसले लेने होते हैं। स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र के अन्य पेशे जैसे नर्सिंग और सर्जरी, जहाँ जटिल शारीरिक क्रियाओं और तत्काल मानवीय निर्णय की आवश्यकता होती है, वहां भी AI केवल एक सहायक उपकरण के रूप में कार्य कर पाएगा।
निष्कर्षतः, तकनीकी क्रांति के इस दौर में सॉफ्ट स्किल्स, सहानुभूति और जटिल शारीरिक कौशल वाले पेशों की अहमियत बढ़ेगी। भविष्य की नौकरियों के लिए खुद को तैयार करने का सबसे अच्छा तरीका निरंतर कौशल उन्नयन (Up-skilling) और उन मानवीय गुणों को निखारना है जिन्हें मशीनें कभी नहीं सीख सकतीं।
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