लाइव
विज्ञापन
Demo Interstitial - Migration Consultancy
राजनीति
राजनीति

टीएमसी में गहराया संकट: विधानसभा के बाद अब सांसदों में बगावत की सुगबुगाहट, फिरहाद हकीम का इस्तीफा

ICN24 Newsroom 6 जून 2026, 09:00 am
टीएमसी में गहराया संकट: विधानसभा के बाद अब सांसदों में बगावत की सुगबुगाहट, फिरहाद हकीम का इस्तीफा

कोलकाता के मेयर फिरहाद हकीम के इस्तीफे के बाद तृणमूल कांग्रेस में अंदरूनी कलह तेज हो गई है। विधानसभा में झटके के बाद अब पार्टी सांसदों के बागी रुख से जूझ रही है।

पश्चिम बंगाल की सत्ताधारी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) इस समय अपने सबसे कठिन दौर से गुजर रही है। राज्य विधानसभा में पार्टी के भीतर हुई उथल-पुथल के कुछ ही दिनों बाद, अब ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पार्टी को संसद में भी बगावत के खतरों का सामना करना पड़ रहा है। इस राजनीतिक संकट के बीच, ममता बनर्जी के बेहद करीबी माने जाने वाले फिरहाद हकीम ने कोलकाता के मेयर पद से इस्तीफा दे दिया है, जिससे पार्टी के भीतर मचे घमासान की पुष्टि हो गई है। पार्टी सूत्रों के अनुसार, विधानसभा में नियंत्रण खोने के बाद टीएमसी अब अपने संसदीय खेमे में संभावित टूट को रोकने की कोशिश कर रही है। बताया जा रहा है कि पार्टी के कई वरिष्ठ सांसद नेतृत्व के फैसलों से असंतुष्ट हैं और वैकल्पिक रास्तों की तलाश कर रहे हैं। ममता बनर्जी ने स्थिति को संभालने के लिए अपने पुराने वफादारों और अनुभवी नेताओं की ओर रुख किया है, ताकि पार्टी में और अधिक बिखराव को रोका जा सके। फिरहाद हकीम का इस्तीफा टीएमसी के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है। हकीम न केवल कोलकाता के मेयर थे, बल्कि वे पार्टी के एक प्रमुख संगठनात्मक चेहरे भी रहे हैं। उनके पद छोड़ने के बाद टीएमसी के 'ओवरहॉल' यानी पुनर्गठन की प्रक्रिया शुरू हो गई है, जिसमें पुराने दिग्गजों को फिर से महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी जा रही हैं। हालांकि, राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम असंतुष्ट गुटों को शांत करने के लिए पर्याप्त नहीं हो सकता है। भारत की इस राजनीतिक उठापटक का असर ऑस्ट्रेलिया में बसे प्रवासी भारतीय समुदाय पर भी देखा जा रहा है। विशेष रूप से मेलबर्न और सिडनी जैसे शहरों में रहने वाले बंगाली समुदाय के लोग अपनी मातृभूमि के इन घटनाक्रमों पर बारीकी से नजर रख रहे हैं। पश्चिम बंगाल में राजनीतिक स्थिरता का सीधा असर वहां के विकास और प्रवासी भारतीयों के परिवारों पर पड़ता है, इसलिए इस बगावत की खबरों ने विदेशों में भी चिंता बढ़ा दी है। फिलहाल, टीएमसी नेतृत्व डैमेज कंट्रोल मोड में है। ममता बनर्जी ने सभी सांसदों और विधायकों को एकजुट रहने का संदेश दिया है, लेकिन पर्दे के पीछे की गतिविधियां कुछ और ही संकेत दे रही हैं। यदि सांसदों की यह नाराजगी एक बड़ी बगावत का रूप लेती है, तो आगामी चुनावों में टीएमसी की राह काफी मुश्किल हो सकती है। आने वाले कुछ दिन पश्चिम बंगाल की राजनीति के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित होने वाले हैं।
शेयर:

संबंधित ख़बरें

कांग्रेस में आंतरिक कलह: शशि थरूर की मोदी भक्ति पर पवन खेड़ा का कटाक्ष, कहा- 'वो भी सुन लेते हैं जो मोदी ने कहा ही नहीं'
राजनीति

कांग्रेस में आंतरिक कलह: शशि थरूर की मोदी भक्ति पर पवन खेड़ा का कटाक्ष, कहा- 'वो भी सुन लेते हैं जो मोदी ने कहा ही नहीं'

पवन खेड़ा ने शशि थरूर पर तंज कसते हुए कहा कि वे पीएम मोदी की तारीफ के लिए कुछ भी कर सकते हैं और ऐसी बातें भी सुन लेते हैं जो कही नहीं गईं।

20 जून 2026, 08:41 pm
भारत ने पाक राष्ट्रपति जरदारी के बयान को बताया ‘भड़काऊ’, कहा- हमारे आंतरिक मामलों में दखल न दे पाकिस्तान
राजनीति

भारत ने पाक राष्ट्रपति जरदारी के बयान को बताया ‘भड़काऊ’, कहा- हमारे आंतरिक मामलों में दखल न दे पाकिस्तान

भारत ने पाकिस्तानी राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी द्वारा वाराणसी की मस्जिद को लेकर दिए गए बयान की कड़ी निंदा की है। विदेश मंत्रालय ने इसे नफरत फैलाने वाला और आंतरिक मामलों में दखल बताया है।

20 जून 2026, 07:11 pm
RSS दफ्तरों पर हमले की बड़ी साजिश का खुलासा: दुबई से मिले थे निर्देश, रांची के बाद लखनऊ था अगला निशाना
राजनीति

RSS दफ्तरों पर हमले की बड़ी साजिश का खुलासा: दुबई से मिले थे निर्देश, रांची के बाद लखनऊ था अगला निशाना

रांची में आरएसएस कार्यालय पर हुए हमले की जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस के मुताबिक, इस हमले के तार दुबई से जुड़े हैं और अगला निशाना लखनऊ था।

20 जून 2026, 05:56 pm
Original text
Rate this translation
Your feedback will be used to help improve Google Translate