लाइव
विज्ञापन
Demo Interstitial - Migration Consultancy
ब्रेकिंग न्यूज़
ब्रेकिंग न्यूज़ब्रेकिंग

होर्मुज जलडमरूमध्य से सुरक्षित गुजरे तीन भारतीय जहाज; नौसेना की निगरानी में बनी बड़ी उपलब्धि

ICN24 Newsroom 20 जून 2026, 08:55 pm
होर्मुज जलडमरूमध्य से सुरक्षित गुजरे तीन भारतीय जहाज; नौसेना की निगरानी में बनी बड़ी उपलब्धि

भारतीय नौसेना की सुरक्षा निगरानी के बीच एक ही दिन में तीन भारतीय जहाजों ने होर्मुज जलडमरूमध्य को सफलतापूर्वक पार किया, जो समुद्री सुरक्षा में एक बड़ी उपलब्धि है।

समुद्री सुरक्षा और रणनीतिक कौशल के एक उल्लेखनीय प्रदर्शन में, भारतीय ध्वज वाले तीन जहाजों ने एक ही दिन में होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को सफलतापूर्वक पार कर लिया है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में आया है जब मध्य पूर्व में भू-राजनीतिक तनाव बना हुआ है और प्रमुख व्यापारिक मार्गों पर जहाजों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ी हुई हैं। भारतीय नौसेना के अधिकारियों के अनुसार, यह एक दिन में सुरक्षित रूप से पार करने वाले भारतीय जहाजों की अधिकतम संख्या है। होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल पारगमन मार्गों में से एक है, जो ओमान और ईरान के बीच स्थित है। वैश्विक तेल आपूर्ति का लगभग पांचवां हिस्सा इसी संकरे रास्ते से होकर गुजरता है। इस क्षेत्र में सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए भारतीय नौसेना जून 2019 से 'ऑपरेशन संकल्प' (Operation Sankalp) चला रही है। यह मिशन खाड़ी क्षेत्र से गुजरने वाले भारतीय जहाजों की सुरक्षा और समुद्री व्यापार की निरंतरता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से तैनात किया गया है। भारतीय नौसेना की इस सफलता का प्रभाव केवल भारत तक सीमित नहीं है, बल्कि यह हिंद-प्रशांत (Indo-Pacific) क्षेत्र में एक जिम्मेदार सुरक्षा प्रदाता के रूप में भारत की छवि को मजबूत करता है। ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों के लिए, जो भारत के साथ घनिष्ठ रणनीतिक और समुद्री संबंध साझा करते हैं, यह स्थिरता का एक सकारात्मक संकेत है। ऑस्ट्रेलिया में रहने वाले भारतीय मूल के हजारों पेशेवर समुद्री इंजीनियरिंग, लॉजिस्टिक्स और अंतरराष्ट्रीय शिपिंग उद्योगों में कार्यरत हैं। उनके लिए, प्रमुख समुद्री व्यापार मार्गों पर भारतीय नौसेना की यह सक्रियता न केवल सुरक्षा का आश्वासन देती है, बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था में भारत की बढ़ती भूमिका को भी रेखांकित करती है। विशेषज्ञों का मानना है कि भारतीय नौसेना द्वारा प्रदान की जाने वाली यह सुरक्षा 'कंटीन्यूअस प्रजेंस' (निरंतर उपस्थिति) रणनीति का हिस्सा है। भारतीय युद्धपोत और विमान लगातार इस क्षेत्र की निगरानी करते हैं और व्यापारिक जहाजों के साथ संचार बनाए रखते हैं। होर्मुज जलडमरूमध्य में हालिया सफल ट्रांजिट इस बात का प्रमाण है कि भारत अपनी ऊर्जा सुरक्षा और समुद्री हितों की रक्षा करने में पूरी तरह सक्षम है। आने वाले समय में, भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच समुद्री सहयोग और बढ़ने की उम्मीद है, विशेष रूप से 'क्वाड' (QUAD) के ढांचे के भीतर। दोनों देश खुले, स्वतंत्र और समावेशी हिंद-प्रशांत के समर्थक हैं। होर्मुज में भारतीय जहाजों की यह सुरक्षित आवाजाही वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं को सुचारू रखने के व्यापक लक्ष्यों में योगदान देती है, जिसका सीधा असर ईंधन की कीमतों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर पड़ता है।
शेयर:

संबंधित ख़बरें

सिर्फ फोटो नहीं, मेलोनी की इस बात पर गुस्साए ट्रंप; निकाली ईरान से युद्ध में इटली का साथ ना मिलने की झल्लाहट
ब्रेकिंगब्रेकिंग

सिर्फ फोटो नहीं, मेलोनी की इस बात पर गुस्साए ट्रंप; निकाली ईरान से युद्ध में इटली का साथ ना मिलने की झल्लाहट

डोनाल्ड ट्रंप ने इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी पर निशाना साधते हुए दावा किया कि उन्होंने G7 शिखर सम्मेलन में उनके साथ फोटो खिंचवाने की गुहार लगाई थी और ईरान के मुद्दे पर साथ नहीं दिया।

21 जून 2026, 01:55 am
लखनऊ में विवाहिता का शव फंदे से लटका मिला: पति ने परिचित पर लगाया हत्या का आरोप, पुलिस जांच शुरू
ब्रेकिंगब्रेकिंग

लखनऊ में विवाहिता का शव फंदे से लटका मिला: पति ने परिचित पर लगाया हत्या का आरोप, पुलिस जांच शुरू

लखनऊ के कृष्णानगर में एक 22 वर्षीय महिला का शव घर में फंदे से लटका मिला। पति ने अपने एक परिचित पर हत्या की आशंका जताई है, जिसके बाद पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।

21 जून 2026, 01:40 am
NEET UG 2026 री-एग्जाम एडमिट कार्ड जारी: यहाँ जानें ऑनलाइन डाउनलोड करने का पूरा तरीका
ब्रेकिंगब्रेकिंग

NEET UG 2026 री-एग्जाम एडमिट कार्ड जारी: यहाँ जानें ऑनलाइन डाउनलोड करने का पूरा तरीका

राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने NEET UG 2026 पुन: परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड जारी कर दिए हैं। अभ्यर्थी आधिकारिक वेबसाइट neet.nta.nic.in से इसे डाउनलोड कर सकते हैं।

21 जून 2026, 01:25 am
Original text
Rate this translation
Your feedback will be used to help improve Google Translate