राजनीति
पुतिन ने पाकिस्तान को बताया 'अहम साझेदार', साथ ही भारत और पीएम मोदी की जमकर की तारीफ
ICN24 Newsroom 5 जून 2026, 03:30 pm

रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पाकिस्तान के साथ संबंधों को अहम बताया, लेकिन साथ ही भारत को एक महान शक्ति और पीएम मोदी को विश्वसनीय मित्र करार दिया।
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने हाल ही में अंतरराष्ट्रीय मंच पर दक्षिण एशिया के दो प्रमुख प्रतिद्वंद्वियों, भारत और पाकिस्तान को लेकर महत्वपूर्ण टिप्पणियां की हैं। कजाकिस्तान में शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन के इतर पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के साथ बैठक के दौरान पुतिन ने पाकिस्तान की सराहना करते हुए उसे रूस का एक महत्वपूर्ण और बहुआयामी साझेदार बताया। हालांकि, उन्होंने तुरंत स्पष्ट किया कि रूस के लिए भारत के साथ संबंध एक अलग और रणनीतिक ऊंचाई पर हैं।
पुतिन ने कहा कि रूस और पाकिस्तान के बीच संबंध व्यापार और ऊर्जा सुरक्षा के क्षेत्रों में तेजी से विकसित हो रहे हैं। उन्होंने आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में पाकिस्तान की भूमिका और क्षेत्रीय स्थिरता में इसके योगदान को रेखांकित किया। पुतिन की यह टिप्पणी कूटनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बन गई है, क्योंकि रूस ऐतिहासिक रूप से भारत का सबसे करीबी रक्षा और रणनीतिक सहयोगी रहा है।
लेकिन इस प्रशंसा के बीच, रूसी राष्ट्रपति ने भारत और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति अपने अटूट सम्मान को दोहराने में कोई कसर नहीं छोड़ी। उन्होंने भारत को एक 'महान शक्ति' बताते हुए कहा कि नई दिल्ली की विदेश नीति पूरी तरह से स्वतंत्र है और भारत अपने राष्ट्रीय हितों को सर्वोपरि रखता है। पुतिन ने प्रधानमंत्री मोदी की प्रशंसा करते हुए उन्हें एक ऐसा नेता बताया जो बाहरी दबावों के बावजूद अपने देश के विकास के लिए कड़े फैसले लेने की क्षमता रखते हैं।
पुतिन का यह बयान उस समय आया है जब भारत और रूस के बीच द्विपक्षीय व्यापार रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया है, खासकर कच्चे तेल के आयात के मामले में। ऑस्ट्रेलियाई-भारतीय समुदाय के लिए यह घटनाक्रम महत्वपूर्ण है, क्योंकि कैनबरा भी भारत को हिंद-प्रशांत क्षेत्र में एक मुख्य सुरक्षा भागीदार के रूप में देखता है। पुतिन के बयानों से स्पष्ट है कि रूस दक्षिण एशिया में अपनी पैठ बढ़ाना चाहता है, लेकिन वह भारत की नाराजगी मोल लेने की स्थिति में नहीं है।
विशेषज्ञों का मानना है कि पुतिन का पाकिस्तान की ओर झुकाव आंशिक रूप से यूक्रेन युद्ध के बाद पश्चिमी देशों द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों का परिणाम है। रूस अब नए बाजार और ऊर्जा खरीदार तलाश रहा है। इसके बावजूद, भारत के साथ रूस की 'विशेष और विशेषाधिकार प्राप्त सामरिक साझेदारी' को कोई खतरा नहीं दिखता। पुतिन ने स्पष्ट किया कि भारत के साथ रूस का सहयोग रक्षा, परमाणु ऊर्जा और अंतरिक्ष विज्ञान जैसे क्षेत्रों में अद्वितीय बना रहेगा।
संबंधित ख़बरें

राजनीति
सोनीपत: विकास निधि और पेंशन के लिए अनोखा प्रदर्शन; जंजीरों में जकड़े और पिंजरे में बंद होकर जताया रोष
हरियाणा के सोनीपत में विकास कार्यों के लिए रुकी हुई निधि और पेंशन की बहाली की मांग को लेकर प्रदर्शनकारियों ने खुद को जंजीरों और पिंजरों में कैद कर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला।
24 जून 2026, 02:12 pm

राजनीति
'बेहबल कलां मामले से मेरा कोई लेना-देना नहीं': एसआईटी की पूछताछ के बाद पूर्व केंद्रीय मंत्री विजय सांपला का बड़ा बयान
पूर्व केंद्रीय मंत्री विजय सांपला ने बहबल कलां फायरिंग मामले में एसआईटी के सामने पेश होने के बाद बेगुनाही का दावा किया और इसे राजनीतिक प्रतिशोध बताया।
24 जून 2026, 01:56 pm
राजनीति
बहराइच में बाल विवाह की क्रूरता: पिता ने नाबालिग बेटी को जबरन ब्याहा, ससुराल में प्रताड़ना के बाद किशोरी अस्पताल में भर्ती
बहराइच में एक पिता ने अपनी 16 वर्षीय बेटी का बाल विवाह कर दिया। पति की प्रताड़ना झेलकर लौटी किशोरी पुलिस जांच के दौरान बेहोश हो गई, जिसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
24 जून 2026, 01:41 pm

