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सऊदी अरब के वीजा नियमों में बड़े बदलाव: भारतीय-ऑस्ट्रेलियाई प्रवासियों के लिए नई गाइडलाइन जारी
ICN24 Newsroom 13 जून 2026, 10:31 pm
सऊदी अरब ने अपने वीजा नियमों में महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं, जिससे भारतीय और ऑस्ट्रेलियाई पासपोर्ट धारकों के लिए यात्रा और वर्क परमिट की प्रक्रिया अब और भी आसान हो गई है।
सऊदी अरब सरकार ने अपनी महत्वाकांक्षी 'विज़न 2030' योजना के तहत वीजा नियमों में व्यापक बदलावों की घोषणा की है। इन नए संशोधनों का उद्देश्य देश की अर्थव्यवस्था को तेल पर निर्भरता से हटाकर पर्यटन और निवेश के क्षेत्र में विस्तार देना है। यह बदलाव विशेष रूप से ऑस्ट्रेलिया में रह रहे भारतीय समुदाय के लिए महत्वपूर्ण हैं, जो अक्सर खाड़ी देशों के माध्यम से यात्रा करते हैं या वहां पेशेवर अवसरों की तलाश में रहते हैं।
नए नियमों के अनुसार, सऊदी अरब ने ई-वीजा (e-visa) सुविधा का विस्तार किया है। अब ऑस्ट्रेलिया सहित कई पश्चिमी देशों के वैध वीजा या स्थायी निवास (PR) रखने वाले भारतीय नागरिक आगमन पर वीजा (Visa on Arrival) प्राप्त करने के पात्र होंगे। इससे उन भारतीय-ऑस्ट्रेलियाई परिवारों को बड़ी राहत मिलेगी जो उमराह के लिए मक्का-मदीना जाना चाहते हैं या व्यापारिक उद्देश्यों से रियाद और जेद्दा की यात्रा करते हैं।
रोजगार वीजा के क्षेत्र में भी बड़े बदलाव किए गए हैं। सऊदी मानव संसाधन मंत्रालय ने वर्क परमिट की प्रक्रिया को डिजिटल कर दिया है, जिससे अब प्रायोजन (Sponsorship) की प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक पारदर्शी हो गई है। भारतीय पेशेवरों के लिए, जो ऑस्ट्रेलिया से सऊदी अरब में बहुराष्ट्रीय कंपनियों के प्रोजेक्ट्स पर जाते हैं, अब 'एग्जिट-रीएंट्री' वीजा प्राप्त करना सरल होगा। इसके अलावा, ट्रांजिट वीजा के नियमों को भी लचीला बनाया गया है, जिससे साउदिया एयरलाइंस या फ्लायनास से यात्रा करने वाले यात्री 96 घंटे तक सऊदी अरब में रुक सकते हैं।
पर्यटन के लिहाज से, सऊदी अरब अब 'पर्सनल विजिट वीजा' और 'टूरिस्ट वीजा' के बीच के अंतर को कम कर रहा है। ऑस्ट्रेलिया में बसे भारतीय मूल के लोग अब अपने सऊदी अरब में रहने वाले मित्रों या रिश्तेदारों के माध्यम से आसानी से व्यक्तिगत यात्रा वीजा प्राप्त कर सकते हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कि इन नियमों का उल्लंघन करने पर भारी जुर्माने और यात्रा प्रतिबंधों का प्रावधान है, इसलिए यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे प्रस्थान से पहले आधिकारिक पोर्टल 'नसाक' (Nusuk) या सऊदी दूतावास की वेबसाइट पर अपनी पात्रता की जांच अवश्य करें।
विशेषज्ञों का मानना है कि इन नीतिगत बदलावों से ऑस्ट्रेलिया-भारत-सऊदी अरब के बीच त्रिकोणीय व्यापार और पर्यटन संबंधों को मजबूती मिलेगी। आने वाले समय में वीजा शुल्क में और कटौती और लंबी अवधि के रेजिडेंसी विकल्पों की भी उम्मीद की जा रही है, जो वैश्विक प्रतिभाओं को आकर्षित करने की सऊदी रणनीति का हिस्सा है।
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